पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले वोटर लिस्ट में लगभग 7 लाख नए नाम जोड़े गए हैं। चुनाव आयोग न इन नए मतदाताओं की उम्र या लिंग से जुड़ी विस्तृत जानकारी साझा नहीं की है। अधिकारियों के मुताबिक, इनमें से करीब 3.22 लाख मतदाता पहले चरण में मतदान करेंगे, जबकि लगभग 3.88 लाख वोटर दूसरे चरण में अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे।
चुनाव आयोग ने नए जोड़े गए मतदाताओं को लेकर विस्तृत जानकारी साझा नहीं की है। आयोग न यह स्पष्ट नहीं किया है कि इनमें कितने 18 वर्ष के नए वोटर शामिल हैं और न ही जेंडर के आधार पर कोई आंकड़ा जारी किया गया है। इसके अलावा, फॉर्म -6 के तहत कितने आवदेन प्राप्त हुए और उनमें से कितने खारिज किए गए, इस पर कोई भी जानकारी नहीं दी गई है।
जरूरत पड़ने पर जारी करेंगे डिटेल
चुनाव आयोग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि कुल आंकड़े नियमों के तहत जारी किए गए हैं, जबकि विस्तृत डेटा अलग से सुरक्षित रखा जाता है और जरूरत पड़ने पर साझा किया जा सकता है। आयोग के अनुसार, राज्य में कुल मतदाताओं की संख्या 6,82,52,008 है जो ट्रिब्यूनल के आदेश के बाद नए नाम जुड़ने पर और बढ़ सकती है।
पश्चिम बंगाल में दो चरण में मतदान
पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव दो चरणों में कराए जाएंगे। पहले चरण में 23 अप्रैल को 152 सीटो पर मतदान होगा, जबकि दूसरे चरण में 29 अप्रैल को 142 सीटो पर वोट डाले जाएंगे। इस चुनाव में मुख्य मुकाबला सत्ताधारी TMC और BJP के बीच माना जा रहा है। वोटर लिस्ट संशोधन के दौरान कई लोगों के नाम हटने का मुद्दा भी चर्चा में है। बीजेपी ने सत्ता में आने पर घुसपैठियों को बाहर करने का वादा किया है, जबकि ममता बनर्जी उन मतदाताओं को साधने की कोशिश कर रही हैं, जिन्हें नाम कटने का डर है।
