मालवीय नगर अग्निकांड के बाद दिल्ली प्रशासन अवैध होटल और गेस्ट हाउसों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रहा है। इसी दौरान होटल मालिक लवकेश बजाज ने पुलिस पूछताछ में स्वीकार किया कि अधिक मुनाफे के लिए उसने होटल में कमरों की संख्या बढ़ाई थी। उसने यह भी माना कि होटल के संचालन के लिए दमकल विभाग से आवश्यक एनओसी नहीं ली गई थी। घटना के बाद कई होटल संचालक अपने प्रतिष्ठान बंद करने लगे हैं।
मालवीय नगर अग्निकांड मामले में दिल्ली पुलिस आज आरोपी होटल मालिक लवकेश बजाज को अदालत में पेश कर उसकी रिमांड की मांग करेगी। पूछताछ में लवकेश ने बताया कि हादसे के बाद वह घबराकर मौके से फरार हो गया था। गिरफ्तारी के डर से वह अपने घर भी नहीं गया और काफी समय तक सड़कों पर भटकता रहा।
तीन साल पहले खरीदी थी बिल्डिंग
पूछताछ में आरोपी लवकेश बजाज ने बताया कि उसने करीब तीन साल पहले यह इमारत अहलूवालिया नामक व्यक्ति से ली थी और यहां होटल की बजाय गेस्ट हाउस संचालित कर रहा था। उसके अनुसार, पहले इस भवन में खादी की दुकान चलती थी और उस समय इमारत काफी जर्जर हालत में थी। लवकेश का दावा है कि उसने बीएनबी (बेड एंड ब्रेकफास्ट), टूरिस्ट और हेल्थ रेस्टोरेंट से जुड़ी अनुमति ली थी, हालांकि दिल्ली पुलिस उसके दावों की जांच कर रही है। पुलिस आज उसे अदालत में पेश करेगी और 3 से 4 दिन की रिमांड मांग सकती है।
होटल में आग लगने से 21 लोगों की मौत
मालवीय नगर अग्निकांड में 21 लोगों की जान चली गई, जिनमें 12 विदेशी नागरिक भी शामिल थे। शुरुआती जांच में सामने आया है कि होटल में आने-जाने का केवल एक रास्ता था, खिड़कियां स्थायी रूप से बंद थीं और मुख्य प्रवेश द्वार सेंसर आधारित था, जिससे आपात स्थिति में लोगों के निकलने का रास्ता बाधित हो गया। घटना के बाद मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दक्षिण दिल्ली के जिलाधिकारी से विस्तृत रिपोर्ट तलब की है और साफ कहा है कि लापरवाही के दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर जवाबदेही तय की जाएगी।
