कोरोना के नए स्ट्रेन से ब्रिटेन में खलबली, कैबिनेट की आपात बैठक के बाद पूर्ण लॉकडाउन का ऐलान, घरों में कैद हुए 5.6 करोड़ लोग

Corona Updates NEWS विदेश

कोरोना वायरस के नए संस्‍करण ने ब्रिटेन को संकट में डाल दिया है। ब्रिटेन के PM बोरिस जॉनसन ने कैबिनेट की आपात बैठक के बाद देश में नए लॉकडाउन का ऐलान किया है। देश में क्रिसमस के बीच कोरोना के नए वेरिएंट के खतरे को देखते हुए देश में दोबारा लॉकडाउन लगाया गया है। मार्च में कोरोना वायरस के प्रसार के बाद ब्रिटिश सरकार ने देश में दोबारा लॉकडाउन के उपबंधों को लागू करने का ऐलान किया है। जॉनसन ने कैबिनेट बैठक के बाद कहा कि इंग्‍लैंड में कई हफ्ते पूर्व कोरोना के नए वेरिएंट के सबूत मिलने के बाद कठोर उपबंधों को ऐलान किया गया है। ब्रिटेन सरकार के चिकित्‍सा विशेषज्ञों ने कोरोना के नए वेरिएंट के प्रसार पर चिंता व्‍यक्‍त की थी और इसे खतरे की घंटी बताया है। ब्रिटेन में नए वेरिएंट के चलते मौत में 20 फीसद का इजाफा हुआ है।

कठोर उपबंधों के बीच PM जॉनसन ने कहा है कि वायरस ने अपने हमले का तरीका बदल दिया है, ऐसे में हमें भी सजग और सतर्क हो जाना चाहिए। इससे निपटने के लिए हमें अपनी रक्षा पद्धति में बदलाव की जरूरत है। उन्‍होंने कहा कि हमारे पास इस बात की पुख्ता जानकारी है कि कोरोना का नया वेरिएंट देश में तेजी से पांव पसार रहा है। उन्‍होंने कहा कि लंदन में नए वेरिएंट की गिरफ्त में 60 फीसद से अधिक लोग आ चुके हैं।

PM जॉनसन ने कहा कि करीब 5.6 करोड़ लोग पूर्व लॉकडाउन में वापस लौटेंगे। देश में लागू नया लॉकडाउन संभवत: फरवरी के मध्‍य तक लागू रहेगा। देश में नए लॉकडाउन (LOCKDOWN) के तहत बुधवार से सभी स्‍कूल बंद रहेंगे। जॉनसन ने कहा कि यह लॉकडाउन पिछले लॉकडाउन की तरह ही होगा, जो मार्च के अंत से लेकर जून तक लगाया गया था। प्रधानमंत्री ने कहा कि देश के लिए यह कठिन समय है। देश के हर ह‍िस्‍से में कोरोना के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। फ‍िलहाल ब्रिटेन में स्‍कूल, कॉलेज और विश्‍वविद्यालय बंद रहेंगे। ऑनलाइन कक्षाएं चलेंगी। उन्‍होंने कहा कि लॉकडाउन के दौरान लोगों को घरों में ही रहना होगा और सिर्फ जरूरी काम से ही निकलने की इजाजत दी जाएगी। मसलन आवश्यक सामान लाने के लिए लोग घरों से निकल सकते हैं, अगर घर से काम नहीं कर पा रहे हैं तो दफ्तर जा सकते हैं। सभी गैर-जरूरी दुकानें और हेयरड्रेसर जैसी पर्सनल केयर सर्विस बंद रहेंगी, और रेस्तरां केवल टेकआउट सेवाएं मुहैया कराएंगे।

READ MORE:   इकॉनमी को नुकसान देख जर्मनी के मंत्री ने की सुसाइट

दुनिया के कई और देशों में कोरोना वायरस का नया स्ट्रेन पहुंच गया है। चीन और स्वीडन में पहले मामलों की पहचान की गई है। अमेरिका के कैलिफोर्निया प्रांत में भी एक केस मिला है। यहां के सैन डिएगो में एक 30 वर्षीय व्यक्ति पीडि़त पाया गया है। इधर, चीनी रोग नियंत्रण केंद्र ने बताया कि ब्रिटेन से शंघाई लौटकर आई 23 साल की एक छात्रा नए स्ट्रेन से संक्रमित पाई गई। स्वीडन में भी चार मामलों की पहचान की गई है। ब्रिटेन में गत दिसंबर में वायरस का यह नया रूप मिला था। यहां से कई देशों में यह पहुंच चुका है। यह 70 फीसद अधिक संक्रामक बताया जा रहा है। अफ्रीका के कई देशों में यह खतरनाक स्‍वरूप अख्तियार कर चुका है। खासकर दक्षिण अफ्रीका में यह तेजी से फैल रहा है।

उधर, दुनिया में कोरोना महामारी से मरने वालों की संख्या 18 लाख के पार पहुंच गई है, जबकि संक्रमित लोगों का वैश्विक आंकड़ा आठ करोड़ 26 लाख से अधिक हो गया है। विश्व में कोरोना से अमेरिका सबसे ज्यादा प्रभावित है। इस देश में अब तक कुल एक करोड़ 97 लाख कोरोना रोगी मिले और तीन लाख 41 हजार पीड़ितों की जान गई है। जॉन्स हॉपकिन्स यूनिवर्सिटी के डाटा के अनुसार, विश्व में कोरोना से मरने वालों की संख्या 18 लाख के पार पहुंच गई है। दिसंबर, 2019 में चीन में कोरोना की पहचान हुई थी, तब से दुनिया के 210 से ज्यादा देशों और क्षेत्रों में संक्रमित मिले हैं। दुनिया में अमेरिका के बाद भारत, ब्राजील, रूस, फ्रांस और ब्रिटेन सबसे ज्यादा प्रभावित हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *