अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इटली की पीएम जॉर्जिया मेलोनी की तारीफ की है. अंकारा पहुंचे यूएस प्रेसिडेंट ने इटली की नेता को ‘अच्छा इंसान’ बताया, लेकिन ईरान के साथ युद्ध में मदद न करने के लिए उनकी आलोचना भी की. ट्रंप की एक टिप्पणी के बाद दोनों देशों के रिश्तों में कड़वाहट आ गई थी, लेकिन अब अमेरिकी राष्ट्रपति के इस बयान के बाद रिश्तों में कुछ नरमी आ सकती है.
मेलोनी कभी ट्रंप की करीबी सहयोगी मानी जाती थीं, लेकिन पिछले महीने तब दोनों देशों के बीच रिश्ते खराब हो गए, जब ट्रंप ने बयान दिया कि फ्रांस में G7 समिट के दौरान मेलोनी ने उनके साथ फोटो खिंचवाने के लिए मिन्नतें की थीं. मेलोनी ने ट्रंप के इस दावे का खंडन किया और ट्रंप पर कहानी गढ़ने का आरोप लगाया. इतना ही नहीं इटली के विदेश मंत्री ने अपना अमेरिका का दौरा भी रद्द कर दिया था.
मेलोनी ने की थी ट्रंप के बयान की निंदा
इसी साल जब ट्रंप ने पोप लियो की ईरान युद्ध को लेकर आलोचना की तो इटली की पीएम ने इसका जवाब दिया. इसके जवाब में अमेरिका के राष्ट्रपति ने होर्मुज स्ट्रेट को फिर से खोलने में मदद करने से इनकार करने के लिए मेलोनी की निंदा की.
ट्रंप बोले-हमारे रिश्ते कुछ खराब हो गए
ट्रंप ने कहा कि ईरान के मामले में मेलोनी के साथ उनके संबंध थोड़े खराब हो गए क्योंकि उन्होंने हमारी मदद करने से इनकार कर दिया था. ट्रंप ने तुर्किए में कहा, ‘उन्होंने इसमें शामिल होने से इनकार कर दिया, जिससे मेरे उसके साथ संबंध थोड़े खराब हो गए, लेकिन मैं उन्हें पसंद करता हूं. मुझे लगता है कि वह वास्तव में एक अच्छी इंसान है. लेकिन मुझे लगता है कि उन्होंने गलती की है.’
ट्रंप ने हाल ही में शेयर की थी मेलोनी की फोटो
हाल ही में ट्रंप ने मेलोनी की एक ऐसी फोटो ट्रुथ सोशल पर शेयर की थी, जिसमें इटली पीएम उनकी ओर देख रही थीं. इस फोटो के कैप्शन में ट्रंप ने लिखा था- ‘रोक लगाने वाले आदेश की ज़रूरत है.’ हालांकि इस फोटो पर इटली की ओर से जवाब ना देने का फैसला किया गया. विदेश मंत्री एंटोनियो ताजानी ने कहा, ‘ट्रंप खुद बोलते हैं. हमारे पास एक अमेरिकी राष्ट्रपति हैं जिन्हें उकसाना पसंद है, खासकर सोशल मीडिया पर. हमने इन टिप्पणियों का जवाब न देने का फैसला किया है.’
मार्च में, इटली ने सिसिली के सिगोनेला एयरपोर्ट पर अमेरिका के मिलिट्री एयरक्राफ्ट्स को लैंडिंग की इजाजत देने से इनकार कर दिया था क्योंकि वॉशिंगटन ने मेलोनी सरकार से इसकी परमिशन नहीं ली थी.

