पटना में मल्लिकार्जुन खरगे के पीएम मोदी को लेकर दिए गए विवादित बयान से देश की सियासत गरमा गई है. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सहित बीजेपी के शीर्ष नेताओं ने कांग्रेस पर हमला बोला है.
बिहार की राजधानी पटना में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर की गई विवादित टिप्पणी के बाद भाजपा नेताओं ने कांग्रेस पर हमला बोला है और इसे अभद्र टिप्पणी करार दिया है. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने एक्स पर लिखा, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने आज पटना में पीएम मोदी के पिताजी के बारे में अभद्र टिप्पणी कर सारी मर्यादाएं तार-तार कर दी हैं.
उन्होंने कहा कि यह पहली बार नहीं है, जब कांग्रेस पार्टी ने पीएम मोदी या उनके परिवार को अपशब्द कहे हों. कभी उनकी पूजनीय माताजी के विषय में अपशब्द कहे, कभी उन्हें ‘मौत का सौदागर’ कहा, तो कभी ‘चायवाला’ कहकर उनकी गरीबी का उपहास उड़ाया. राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस पार्टी हर रोज अभद्रता की सीमाएं पार करती जा रही है.
कांग्रेस में बस गाली-गलौज की राजनीति बचीः अमित शाह
शाह ने कहा कि बीते 12 वर्षों में लगातार मिल रही चुनावी हार से कांग्रेस पार्टी में हताशा व निराशा इतनी बढ़ चुकी है कि अब उसके पास न कोई नीति बची है, न कोई मुद्दा, बस गाली-गलौज की राजनीति बची है.
उन्होंने कहा किजनता के बीच जनाधार खो चुकी कांग्रेस, अब अपने कार्यकर्ताओं में भी आधार खोती जा रही है. उन्होंने कहा कि जब-जब इन्होंने पीएम मोदी या उनके परिवार पर घृणित टिप्पणियां की हैं, तब-तब जनता ने कांग्रेस को करारा जवाब दिया है.
यह कांग्रेस का वैचारिक दिवालियापनः नबीन
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने एक्स पर लिखा, आज पटना में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे द्वारा देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति जिस प्रकार की अमर्यादित और असंसदीय भाषा का प्रयोग किया गया है, वह कांग्रेस के वैचारिक दिवालियापन को दर्शाता है.
उन्होंने कहा कि राजनीतिक विरोध की भी एक गरिमा होती है, लेकिन सार्वजनिक मंच से स्वर्गीय परिजनों को भाषणों में घसीटना ही अब राहुल गांधी और समूचे विपक्ष का असली ‘संस्कार’ बन चुका है. यह खरगे का व्यक्तिगत बयान नहीं, बल्कि पूरी कांग्रेस की शिष्टाचार-विहीन सोच का प्रकटीकरण है.
उन्होंने कहा कि जब विपक्ष के पास देश के विकास, नीति और जनकल्याणकारी योजनाओं पर बहस करने के लिए कोई ठोस मुद्दा नहीं बचता, तो वे इसी प्रकार की हताशा और व्यक्तिगत आक्षेपों का सहारा लेते हैं. देश की जनता इस अमर्यादित राजनीति को भली-भांति देख रही है और समय आने पर इसका करारा जवाब देगी.
लगातार चुनावी हार से कांग्रेस हताशः नड्डा
केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वर्गीय पिता जी के प्रति कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे द्वारा की गई आपत्तिजनक टिप्पणी की जितनी कड़ी निंदा की जाए, कम है. लगातार चुनावी हार से हताश कांग्रेस अपनी राजनीतिक खुन्नस प्रधानमंत्री मोदी और उनके परिवार पर अनर्गल टिप्पणियों के माध्यम से निकाल रही है. देश और दुनिया में मोदी जी की बढ़ती लोकप्रियता और जनता के अटूट विश्वास से उपजी विपक्ष की बौखलाहट अब उसकी भाषा और व्यवहार में स्पष्ट दिखाई दे रही है.
उन्होंने कहा कि 140 करोड़ देशवासियों के जनादेश से चुने गए प्रधानमंत्री और उनके परिवार के प्रति ऐसी अमर्यादित बयानबाजी न केवल राजनीतिक संस्कारों की कमी दर्शाती है, बल्कि देश की जनता का भी अपमान है. लोकतंत्र में राजनीतिक विरोध कीजिए, लेकिन मर्यादाओं का उल्लंघन नहीं. कांग्रेस को समझना होगा कि नफरत और अपमान की राजनीति से जनता का विश्वास नहीं जीता जा सकता. देश की जनता ऐसी ओछी राजनीति का जवाब लोकतांत्रिक तरीके से अवश्य देगी.
राहुल गांधी माफी मांगेंः सम्राट चौधरी
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के बयान पर कहा, “कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के द्वारा जो बयान दिया गया, देश के प्रधानमंत्री के पिताजी के खिलाफ अपशब्द का प्रयोग करना अत्यंत ही दुर्भाग्यपूर्ण है और ये दिखाता है कि कांग्रेस पार्टी और राहुल गांधी किस तरह देश के प्रधानमंत्री के परिवार के प्रति एक तरह से दुर्भावना दिखाने का प्रयास करते हैं.
उन्होंने कहा कि इसलिए मैं कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष और राहुल गांधी से मांग करता हूं कि आप तुरंत, प्रधानमंत्री के पिताजी के खिलाफ जो अपशब्द का प्रयोग किया गया, इसके लिए कांग्रेस पार्टी, कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी को माफी मांगनी चाहिए. ये एक तरह से अपराध है कि देश के प्रधानमंत्री के परिवार के प्रति इस प्रकार की दुर्भावना के साथ आप राजनीति कर रहे हैं.
मल्लिकार्जुन खरगे के बयान पर भाजपा नेता रामेश्वर शर्मा ने कहा, “अब तक हम ये समझते हैं कि राहुल गांधी ने ही ‘अली बाबा-40 चोरों’ वाले गुंडों की फौज पाल रखी है और राहुल गांधी ही ऐसा व्यवहार करते थे लेकिन मुझे लगता है कि पूरी कांग्रेस ही अब गिरोह में बदल गई है. कांग्रेस अब कोई दल नहीं रहा, कांग्रेस गुंडों का गिरोह हो चुका है… जो अराजकता का माहौल बनाना चाहता है. राष्ट्रीय अध्यक्ष जो इतने वरिष्ठ है, आज ऐसी भाषा का इस्तेमाल कर रहे हैं. कम से कम आपको तो ये ख्याल रखना चाहिए. आपने संसदीय पाठ तो पढ़ा होगा, आपने तो अटल बिहारी वाजपेयी को भी सुना होगा, सारे शासन देखे होंगे और सारी प्रणाली सुनी होगी लेकिन इस तरह की टिप्पणी कभी किसी ने नहीं की.

