गुजरात के राजकोट से सामने आए निर्भया कांड जैसे मामले ने पूरे देश को झकझोर दिया था। इस मामले में अदालत ने आरोपी को फांसी की सजा सुनाई थी। यह फैसला घटना के महज 35 दिनों के भीतर आया था।
दरअसल, 4 दिसंबर 2025 को राजकोट जिले के कानपर गांव में सात साल की मासूम बच्ची के साथ बेहद गंभीर अपराध हुआ था। घटना के बाद पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए 8 दिसंबर को आरोपी रेमसिंह तेरसिंह डुडवा को गिरफ्तार कर लिया था।
पुलिस ने इस मामले में महज 11 दिनों के भीतर चार्जशीट दाखिल कर दी थी। इसके बाद अदालत में रोजाना सुनवाई हुई और गवाहों के बयान तथा सबूतों को रिकॉर्ड किया गया।
17 जनवरी 2026 को राजकोट की विशेष अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए फांसी की सजा सुनाई। इस मामले में बच्ची की पहचान परेड और वैज्ञानिक सबूतों ने अहम भूमिका निभाई थी।
फिलहाल आरोपी की जेल में हार्ट अटैक से मौत होने की खबर की आधिकारिक पुष्टि जरूरी है।

