फ्लाईदुबई की फ्लाइट में संकट के बीच 174 यात्रियों की जान बचाने वाले भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार इन दिनों दुनियाभर में चर्चा में हैं। 30 सितंबर को दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाइट FZ1073 में आपात स्थिति पैदा हुई। गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद स्मित ने सूझबूझ दिखाई और विमान को सुरक्षित उतारने में मदद की। विमान को सऊदी अरब के तबुक में इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई।
स्मित मच्छार मुंबई से ताल्लुक रखते हैं और उनके पास 13 साल से ज्यादा का कमर्शियल एविएशन अनुभव है। रिपोर्टों के मुताबिक उन्होंने न्यूजीलैंड में पायलट ट्रेनिंग ली थी। इसके बाद उन्होंने स्पाइसजेट में लंबे समय तक काम किया और जून 2022 में फ्लाईदुबई से जुड़े। उनके पास 9,500 से ज्यादा उड़ान घंटों का अनुभव बताया गया है।
उनके परिवार की बात करें तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बताया कि उन्होंने स्मित के पिता भूपेंद्र, मां गीता और पत्नी सोनल से फोन पर बात की है।
स्मित के साहस की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू समेत कई लोगों ने सार्वजनिक रूप से सराहना की है। फिलहाल स्मित का अस्पताल में इलाज चल रहा है और उनकी हालत स्थिर बताई गई है।

