PM नरेंद्र मोदी ने बुधवार को बौद्ध तीर्थस्थलों को दुनियाभर से जोड़ने की कोशिश के तहत उत्तर प्रदेश में बनाए गए कुशीनगर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (Kushinagar International Airport) का उद्घाटन किया. PM आज कुशीनगर में एक मेडिकल कॉलेज और अन्य विभिन्न विकास परियोजनाओं का शिलान्यास भी करेंगे. इस कार्यक्रम में CM योगी आदित्यनाथ, सिविल एविएशन मिनिस्टर ज्योतिरादित्य सिंधिया, राज्यपाल आनंदी बेन, श्रीलंका के मंत्री नमल राजपक्षा समेत सैंकड़ों बौद्ध भिक्षुओं का दल भी शामिल हुआ.
कुशीनगर एक अंतरराष्ट्रीय बौद्ध तीर्थस्थल है जहां भगवान गौतम बुद्ध का महापरिनिर्वाण हुआ था. ये उत्तर प्रदेश का तीसरा इंटरनेशनल एयरपोर्ट होगा. इस एयरपोर्ट पर पहली फ्लाइट श्रीलंका के कोलंबो से पहुंच चुकी है. केंद्र और राज्य सरकार के सहयोग से इस एयरपोर्ट को 260 करोड़ रुपये की लागत से तैयार किया गया है. इसका टर्मिनल 3 हजार 600 वर्ग मीटर में फैला हुआ है. नया टर्मिनल भीड़भाड़ वाले समय में 300 यात्रियों को आने-जाने की सुविधा देगा. कुशीनगर इंटरनेशनल एयरपोर्ट का रनवे 3.2 किमी लंबा और 45 मीटर चौड़ा है, जो यूपी का सबसे लंबा रनवे है. इसके रनवे पर हर घंटे 8 फ्लाइट आ-जा सकती हैं. यहां आने वाले यात्री लुम्बिनी, बोधगया, सारनाथ और कुशीनगर की यात्रा कर सकते हैं. इसके साथ ही श्रावस्ती, कौशांबी, संकीशा, राजगीर और वैशाली की यात्रा भी कम समय में हो जाएगी.
कुशीनगर एक अंतरराष्ट्रीय बौद्ध तीर्थस्थल है जहां भगवान गौतम बुद्ध का महापरिनिर्वाण हुआ था. कुशीनगर इंटरनेशनल एयरपोर्ट के शुरु होने के बाद यहां पर्यटन के विकास की संभावनाएं भी बढ़ जाएंगी और विश्व पर्यटन के मैप पर बुद्ध स्थली का दबदबा और हो जाएगा. साथ ही दुनिया भर के पर्यटकों का इसके लिए लगाव और आकर्षण बढ़ जाएगा.

