देश के वीर जवानों और उनके परिवारों के सम्मान में भारत सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। सेना मेडल, नौसेना मेडल और वायु सेना मेडल से सम्मानित जवानों और उनके पात्र परिजनों को अब भारतीय रेलवे में आजीवन मुफ्त यात्रा की सुविधा मिलेगी। इस फैसले की घोषणा पहले ही की जा चुकी थी, लेकिन अब इसे जमीन पर लागू करने की प्रक्रिया शुरू हो रही है। सबसे अहम बात यह है कि पात्र लाभार्थी 1 नवंबर 2026 से इस सुविधा के तहत IRCTC के जरिए टिकट बुक कर सकेंगे। इसके लिए पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन और कागजरहित रखी गई है।
1 नवंबर से शुरू होगी टिकट बुकिंग
रक्षा मंत्रालय ने इस सुविधा को लागू करने के लिए डिजिटल व्यवस्था तैयार की है। पात्र लाभार्थियों को सबसे पहले भारतीय रेलवे रियायत कार्ड पोर्टल यानी कि IRCCP पर ऑनलाइन पंजीकरण करना होगा। पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन के बाद जरूरी सत्यापन किया जाएगा। सत्यापन पूरा होने पर लाभार्थियों के लिए ई-पास ऑनलाइन जारी किए जाएंगे। इसके बाद इन ई-पास के आधार पर IRCTC की वेबसाइट से टिकट बुक किए जा सकेंगे। IRCTC के वेब पोर्टल पर टिकट बुकिंग की सुविधा 1 नवंबर 2026 से शुरू होगी।
किन वीरता पदक विजेताओं को मिलेगा लाभ?
यह आजीवन रेल यात्रा सुविधा इन वीरता पुरस्कारों से सम्मानित जवानों को मिलेगी:
सेना मेडल (वीरता)
नौ सेना मेडल (वीरता)
वायु सेना मेडल (वीरता)
इन पुरस्कारों से सम्मानित जवान भारतीय रेलवे की फर्स्ट क्लास, सेकेंड एसी (2AC) और एसी चेयर कार में बिना किराया दिए यात्रा कर सकेंगे। इसके साथ ही एक सहयोगी यानी कंपैनियन भी उनके साथ मुफ्त यात्रा कर सकेगा।
परिवार के लोगों को भी मिलेगा फायदा
सरकार ने इस सुविधा का लाभ केवल वीरता पदक विजेताओं तक सीमित नहीं रखा है। पात्र परिवार के सदस्यों को भी इसका लाभ मिलेगा।
इसमें शामिल हैं:
वीरता पदक से सम्मानित सेना, नौ सेना और वायु सेना के जवानों के जीवनसाथी।
शहीद वीरता पदक विजेताओं की विधवा या विधुर, जब तक वे दोबारा शादी नहीं करते।
मरणोपरांत वीरता पदक से सम्मानित अविवाहित जवानों के माता-पिता।
पहले किन पुरस्कारों पर लागू थी यह सुविधा?
अब तक आजीवन मुफ्त रेल यात्रा की सुविधा देश के 6 प्रमुख ‘चक्र’ वीरता पुरस्कारों के विजेताओं को मिलती थी। इनमें परमवीर चक्र, महावीर चक्र, वीर चक्र, अशोक चक्र, कीर्ति चक्र और शौर्य चक्र शामिल हैं। अब सेना मेडल, नौ सेना मेडल और वायु सेना मेडल (वीरता) को भी इस सुविधा के दायरे में शामिल कर दिया गया है।
पूरी प्रक्रिया होगी ऑनलाइन और कागजरहित
रक्षा मंत्रालय के मुताबिक, सरकार के इस फैसले को लागू करने के लिए आसान और कागजरहित डिजिटल व्यवस्था बनाई गई है। पात्र लाभार्थी IRCCP पोर्टल पर अपना पंजीकरण करा सकेंगे। सत्यापन के बाद उन्हें ऑनलाइन ई-पास मिलेगा और इसी के जरिए रेल टिकट बुक किया जा सकेगा। यानी लाभ लेने के लिए पारंपरिक कागजी प्रक्रिया पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा।
जवानों और परिवारों के सम्मान का कदम
सरकार का यह फैसला उन सैनिकों और उनके परिवारों के सम्मान से जुड़ा है, जिन्होंने देश की सुरक्षा के लिए साहस और बलिदान का परिचय दिया है। वीरता पदक पाने वाले जवानों को आजीवन रेल यात्रा की सुविधा देना उनके साहस, सेवा और बलिदान के प्रति सम्मान के तौर पर देखा जा रहा है। रेलवे प्रशासन पात्र लाभार्थियों के लिए आजीवन मुफ्त रेल यात्रा के पासा या कार्ड जारी करने की प्रक्रिया भी आगे बढ़ाएगा।

