दिगंबर जैन संतों और मयूर पिच्छी पर टिप्पणी को लेकर मेनका गांधी को आपत्ति-पत्र

भगवान महावीर देशना फाउंडेशन के निदेशक श्री मनोज कुमार जैन ने पूर्व केंद्रीय मंत्री श्रीमती मेनका गांधी को एक औपचारिक पत्र भेजकर दिगंबर जैन संतों द्वारा उपयोग की जाने वाली मयूर पिच्छी के संबंध में उनके हालिया कथनों पर कड़ी आपत्ति दर्ज कराई है।
फाउंडेशन द्वारा भेजे गए पत्र में कहा गया है कि उक्त बयान से देशभर के जैन समाज, विशेषकर दिगंबर जैन संत समुदाय तथा भारतीय धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं से जुड़े करोड़ों श्रद्धालुओं की भावनाएं आहत हुई हैं।
पत्र में स्पष्ट किया गया है कि दिगंबर जैन संतों द्वारा उपयोग की जाने वाली मयूर पिच्छी केवल प्राकृतिक रूप से झड़े हुए मोरपंखों से बनाई जाती है। इसका उद्देश्य सूक्ष्म जीवों की रक्षा करना तथा जैन धर्म के मूल सिद्धांत ‘अहिंसा’ का पालन करना है।
फाउंडेशन ने यह भी उल्लेख किया कि मोरपंख न केवल जैन परंपरा में, बल्कि सनातन संस्कृति में भी अत्यंत पवित्र और श्रद्धा का प्रतीक है। भगवान श्रीकृष्ण के मुकुट में सुशोभित मोरपंख भारतीय आस्था और सांस्कृतिक विरासत का महत्वपूर्ण अंग है। ऐसे में बिना पर्याप्त प्रमाण के लगाए गए आरोप समाज में भ्रम उत्पन्न करने के साथ-साथ धार्मिक भावनाओं को आहत कर सकते हैं।
फाउंडेशन ने श्रीमती मेनका गांधी के पशु कल्याण एवं पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में किए गए योगदान का सम्मान करते हुए उनसे आग्रह किया है कि वे अपने वक्तव्य की पुनः समीक्षा करें। यदि उनके कथन तथ्यात्मक रूप से असत्य या भ्रामक पाए जाते हैं, तो उन्हें सार्वजनिक रूप से वापस लेते हुए जैन संत समुदाय एवं श्रद्धालुओं की भावनाओं का सम्मान करते हुए खेद व्यक्त करें।
इसके अतिरिक्त, फाउंडेशन ने सुझाव दिया है कि भविष्य में किसी भी धार्मिक परंपरा या आस्था से जुड़े विषय पर सार्वजनिक टिप्पणी करने से पूर्व संबंधित समुदाय के प्रतिनिधियों एवं विषय विशेषज्ञों से संवाद स्थापित किया जाए, जिससे समाज में सौहार्द, आपसी सम्मान और विश्वास की भावना को और अधिक मजबूती मिल सके।
फाउंडेशन ने आशा व्यक्त की है कि इस विषय की गंभीरता को समझते हुए सकारात्मक और संवेदनशील कदम उठाए जाएंगे, जिससे धार्मिक सद्भाव और सामाजिक समरसता को बढ़ावा मिलेगा।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

बिहार के इन 2 हजार लोगों का धर्म क्या है? विश्व का सबसे अमीर क्रिकेट बोर्ड कौन सा है? दंतेवाड़ा एक बार फिर नक्सली हमले से दहल उठा SATISH KAUSHIK PASSES AWAY: हंसाते हंसाते रुला गए सतीश, हृदयगति रुकने से हुआ निधन India beat new Zealand 3-0. भारत ने किया कीवियों का सूपड़ा साफ, बने नम्बर 1