अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कांग्रेस के जॉइंट सेशन में दिए स्टेट ऑफ द यूनियन संबोधन में भारत और पाकिस्तान के बीच मई 2025 के सैन्य तनाव का जिक्र किया. उन्होंने दावा किया कि उनकी वजह से 8 युद्ध रुके, जिसमें भारत-पाकिस्तान का न्यूक्लियर वॉर भी शामिल हो सकता था. लेकिन बोलते समय एक चूक हो गई, जिससे मीडिया में गलत खबरें फैल गईं. ट्रंप ने कहा कि 35 मिलियन लोग कहते हैं कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री मर जाते अगर मैं बीच में नहीं आता, लेकिन असल में वे क्या कहना चाहते थे? क्या पाक PM शहबाज शरीफ की मौत या 3.5 करोड़ लोगों की जान का खतरा?
ट्रंप ने भारत-पाक संघर्ष पर बयान क्या दिया?
इस बार ट्रंप ने जंग रुकवाने का क्रेडिट लेते हुए 2 कदम आगे बढ़ गए. ट्रंप ने कहा, ‘मेरे पहले 10 महीनों में मैंने 8 युद्ध खत्म किए… कंबोडिया और थाईलैंड, पाकिस्तान और भारत… यह न्यूक्लियर वॉर हो सकता था. 35 मिलियन (3.5 करोड़) लोगों ने मुझसे कहा कि अगर मैं मध्यस्थता नहीं करता तो पाकिस्तानी प्रधानमंत्री मारे जाते.’
ट्रंप ने अपने संबोधन में कई अन्य संघर्षों का भी जिक्र किया, जैसे इजराइल-ईरान, आर्मेनिया-अजरबैजान, रवांडा-डीआरसी, सर्बिया-कोसोवो. उन्होंने कहा कि वे शांति बनाने की कोशिश कर रहे हैं और अमेरिका अब मजबूत हो रहा है. ट्रंप ने दावा किया कि उनकी वजह से दुनिया में कई जगहों पर शांति बनी है.
इस बयान की सच्चाई क्या है?
ट्रंप के बयान की सच्चाई समझने के लिए उनके शब्दों पर गौर करें. उन्होंने कहा, ‘मेरे पहले 10 महीनों में मैंने 8 युद्ध खत्म किए. पाकिस्तान और भारत के बीच न्यूक्लियर वॉर हो सकता था. 35 मिलियन लोग कहते हैं कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री मर जाते अगर मेरी वजह से नहीं होता.’ यहां ट्रंप की जुबान फिसल गई. असल में वे कहना चाहते थे कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने खुद बताया था कि अगर ट्रंप की मध्यस्थता न होती तो 35 मिलियन लोग मर जाते. लेकिन बोलते समय यह ‘पाकिस्तान PM मर जातेट जैसा लग गया, जिससे सुनने वालों में कन्फ्यूजन हो गया.
मीडिया और इंटरनेट पर तेजी से फैली गलतफहमी
यह गलतफहमी मीडिया में तेजी से फैली. कई न्यूज चैनलों और वेबसाइट्स ने इसे सीधे ‘ट्रंप का दावा: पाक PM मर जाते’ के रूप में रिपोर्ट किया. सोशल मीडिया पर भी मीम्स और डिबेट्स शुरू हो गए कि ट्रंप पाक PM की जान बचाने का दावा कर रहे हैं, लेकिन एबीपी न्यूज आपको दावे की सच्चाई बता रहा है. व्हाइट हाउस के करीबी सूत्रों और स्पीच के ट्रांसक्रिप्ट से साफ है कि ट्रंप का इशारा शहबाज शरीफ के उस बयान पर था, जिसमें उन्होंने ट्रंप की भूमिका की तारीफ की थी. शहबाज ने कथित तौर पर कहा था कि ट्रंप की वजह से 3.5 करोड़ लोगों की जान बची और संघर्ष रुका.

