दिल्ली में प्रस्तावित ‘लहरा दो तिरंगा’ मार्च से पहले पुलिस की कार्रवाई तेज हो गई है। CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके को दिल्ली पुलिस ने हिरासत में ले लिया। वहीं, AISA की अध्यक्ष नेहा बोरा को भी मंडी हाउस इलाके से हिरासत में लिए जाने की खबर है। दोनों कार्रवाइयों के बाद राजधानी में प्रदर्शन को लेकर हलचल बढ़ गई है।
दरअसल, CJP ने 16 अक्टूबर को कनॉट प्लेस के सेंट्रल पार्क में तिरंगा मार्च आयोजित करने का ऐलान किया था। संगठन इस कार्यक्रम के जरिए मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग उठाना चाहता था। साथ ही, पार्टी के दो नेताओं सौरव दास और आशुतोष रांका की गिरफ्तारी का विरोध भी इस मार्च का प्रमुख उद्देश्य था।
मार्च से पहले दिल्ली पुलिस ने अभिजीत दीपके को कार्यक्रम नहीं करने का नोटिस दिया था। कनॉट प्लेस और आसपास के इलाकों में प्रतिबंध लागू किए गए और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की गई। सेंट्रल पार्क को 16 और 17 अक्टूबर के लिए बंद रखने का फैसला भी लिया गया।
इस पूरे घटनाक्रम ने प्रदर्शन के अधिकार और कानून-व्यवस्था को लेकर बहस तेज कर दी है। अब इस मामले में पुलिस की आगे की कार्रवाई और CJP की अगली रणनीति पर नजर बनी हुई है।

