Pahalgam Terror Attack News: जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग जिले के प्रसिद्ध पर्यटक स्थल पहलगाम की बैसारन घाटी में मंगलवार को हुए आतंकी हमले ने पूरे देश को हिला कर रख दिया. प्रारंभ में एक मौत की पुष्टि हुई थी, लेकिन बाद में यह संख्या बढ़कर 26 हो गई, जिनमें 2 विदेशी नागरिक और 2 स्थानीय लोग भी शामिल हैं. 20 से अधिक लोग घायल हुए हैं, जिनमें 9 पर्यटक और 3 स्थानीय नागरिक शामिल हैं.
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, दोपहर करीब 2:45 बजे आतंकियों ने एक टूरिस्ट से नाम पूछा और फिर उसे सिर में गोली मार दी. इसके बाद आतंकियों ने भीड़ पर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी और फरार हो गए. यह हमला अत्यंत योजनाबद्ध और निर्मम था.
गृह मंत्री शाह श्रीनगर पहुंचे, हाई-लेवल बैठक हो रही
घटना के बाद गृह मंत्री अमित शाह तुरंत हरकत में आए और BSF के विशेष हेलिकॉप्टर से श्रीनगर पहुंचे. श्रीनगर स्थित राजभवन में उन्होंने मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला, IB चीफ, गृह सचिव और शीर्ष सुरक्षा अधिकारियों के साथ आपात बैठक की. बैठक में हमले की रणनीति, खुफिया विफलता और अगली कार्रवाई पर चर्चा की गई.
रक्षा मंत्री राजनाथ ने सेना प्रमुख से ली जानकारी
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी से फोन पर बात कर हालात की जानकारी ली. उन्होंने भी हमले को “कायरतापूर्ण और अत्यंत निंदनीय” बताया और कहा कि निर्दोष नागरिकों पर इस तरह के हमले मानवता के खिलाफ हैं.
आमजन का कैंडल मार्च, घाटी में शोक, गुस्सा
हमले के बाद पहलगाम में स्थानीय लोगों ने आतंकियों के खिलाफ कैंडल मार्च निकाला. उन्होंने इस हमले को जम्मू-कश्मीर की शांति और पर्यटन के खिलाफ साजिश बताया. घाटी में दहशत और आक्रोश दोनों का माहौल है.
हेल्पलाइन नंबर जारी, मृतकों की पहचान जारी
अनंतनाग और श्रीनगर पुलिस ने घटना के बाद इमरजेंसी हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं. हेल्प डेस्क और पुलिस प्रशासन लगातार पर्यटकों के परिवारों से संपर्क में हैं. कई मृतकों की पहचान की जा चुकी है जबकि बाकी की प्रक्रिया जारी है.
अनंतनाग पुलिस हेल्पलाइन:
📞 9596777669
📞 01932225870
📱 WhatsApp: 9419051940
श्रीनगर पुलिस हेल्पलाइन:
📞 0194-2457543
📞 0194-2483651
📞 ADC श्रीनगर आदिल फरीद: 7006058623
पुलवामा हमले के बाद सबसे बड़ा आतंकी हमला
यह हमला 2019 में हुए पुलवामा हमले के बाद सबसे बड़ा आतंकी हमला बताया जा रहा है. केंद्र सरकार और सुरक्षा एजेंसियां अब इस हमले की गहराई से जांच कर रही हैं. राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार कार्यालय (NSA) की भी बैठक की संभावना जताई जा रही है.
TRF और लश्कर-ए-तैयबा ने ली हमले की जिम्मेदारी
इस हमले की जिम्मेदारी The Resistance Front (TRF) ने ली है, जबकि कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में लश्कर-ए-तैयबा के भी नाम का जिक्र है. TRF, लश्कर का ही एक फ्रंट संगठन माना जाता है, जो हाल के वर्षों में घाटी में सक्रिय हुआ है.
सरकार ने कहा- गुनहगारों को बख्शा नहीं जाएगा
सरकारी सूत्रों का कहना है कि इस हमले के पीछे जिन भी तत्वों का हाथ है, उन्हें “सख्त और निर्णायक जवाब” मिलेगा. सुरक्षा एजेंसियों को हाई अलर्ट पर रखा गया है और पहलगाम, श्रीनगर सहित अन्य संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है.
CM उमर बोले- “यह अमानवीय और घृणित हमला”
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने इस हमले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “मैं अविश्वसनीय रूप से स्तब्ध हूं. हमारे अतिथियों पर यह हमला अमानवीय, घृणित और निंदनीय है. दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा.” उन्होंने पीड़ितों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की और घटना स्थल का दौरा करने के लिए पहलगाम रवाना हो गए.

