पूरे उत्तर भारत में कब तक रहेगा सर्दी का कहर

उत्तर भारत के लोगों को आनेवाले दिनों में ठंड से छुटकारा नहीं मिलने के आसार हैं। जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में बारिश और बर्फबारी जारी है। विशेषकर हिमाचल प्रदेश में तो बर्फबारी ने लोगों की जिंदगी को प्रभावित कर दिया है। कुल्लू में बर्फबारी से सड़कें ठप हो गई हैं। पाइप लाइन फट जाने से सप्लाई बंद कर दी गई है। जिसके चलते पांच दिनों से लोगों को पीने के पानी के लिए इंतजार करना पड़ रहा है। बिजली गुल होने से भी लोग अंधेरे में रहने को मजबूर हैं। पहाड़ी इलाकों में बारिश और बर्फबारी 14 जनवरी की दोपहर तक कम होने का अनुमान है।

वहीं, मैदानी इलाकों में बारिश का मौसम बना हुआ है। पश्चिमी विक्षोभ की वजह से बारिश और हिमपात की स्थिति बनी हुई है। विक्षोभ के प्रभाव के कारण बना चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र अब धीरे-धीरे पूर्व की ओर बढ़ रहा है। DELHI-NCR की तो यहां 14 जनवरी की सुबह से ही आसमान में कोहरे ने डेरा डाल रखा है। जिसके चलते विजिबिलिटी कम हो गई है। सड़कों पर गाड़ियों के चलाने में दुश्वारी आ रही है। लोग दिन चढ़े घरों से बाहर निकल रहे हैं। पश्चिमी विक्षोभ के कारण 16 और 17 जनवरी को बारिश होने का अनुमान जताया गया है।

राजस्थान और गुजरात का मौसम सूखा रहेगा जबकि मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ में भी मौसम सामान्य रहने का अनुमान है। महाराष्ट्र की बात करें तो यहां आसमान में बादल छाये रहेंगे। तापमान में मामूली बढ़त के साथ मौसम खुश्क रहेगा। दक्षिण भारत में नमी आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, तमिलनाडु से गुजरकर पूर्व की ओर जाएगी। मौसम खुश्क रहेगा। लक्षद्वीप में हल्की बारिश होने का अनुमान है। जबकि केरल, कर्नाटक में मौसम गर्म और खुश्क रहने की भवियष्याणी की गई है।

उत्तरी पंजाब, उत्तरी हरियाणा और उत्तर प्रदेश के उत्तर पश्चिमी इलाकों में छिटपुट बारिश और गरज के साथ छींटे पड़ने की भविष्यवाणी जताई गई है। पूर्वी भारत में फिलहाल कोहरे से निजात नहीं मिलनेवाली है। कोहरा लोगों को और सताएगा। मौसम विभाग के मुताबिक बिहार, झारखंड और पूर्वी उत्तर प्रदेश के इलाकों में तापमान में हल्की वृद्धि देखने को मिलेगी। जबकि उत्तर पूर्व राज्यों का मौसम सामान्य रहेगा।